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Helicopter Remained Tied With Rope All Night – रातभर रस्से से बंधा खड़ा रहा हेलीकॉप्टर

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बिजनौर पुलिस लाइन में रस्सी से बंधा हेलीकाप्टर।
– फोटो : BIJNOR

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रातभर रस्से से बंधा खड़ा रहा हेलीकॉप्टर
बिजनौर। कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान मेले में पुष्पवर्षा के लिए आए हेलीकॉप्टर को पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया और रात में ही उसमें रस्सी बांध दी गई और बैटरी निकाल ली गई। करीब 25 घंटे तक पुलिस लाइन में खड़ा रहा। पुलिस महकमे ने एवियशन कंपनी से 3.75 लाख रुपये सुरक्षा में लगी पुलिस फोर्स के खर्च के तौर पर वसूले, उसके बाद हेलीकॉप्टर शनिवार को 3:59 बजे हेलीकॉप्टर ने उड़ान भर पाया।
यह हेलीकॉप्टर शुक्रवार को करीब तीन बजे बिजनौर पुलिस लाइन में उतरा था। बिजनौर के हवाई क्षेत्र में उड़ान की अनुमति नहीं होने के कारण इसे खड़ा कर दिया गया था। 25 घंटे तक पुलिस लाइन में हेलीकॉप्टर खड़ा रहा। जिला पंचायत ने घोषणा की थी कि गंगा स्नान मेले में श्रद्धालुओं पर हेलीकॉप्टर के पुष्पवर्षा की जाए जाएगी। शुक्रवार को सुबह से ही गंगा स्नान मेेले में पुष्पवर्षा किए जाने का इंतजार हो रहा था। तमाम लोग इस वजह से रुक गए थे कि पुष्पवर्षा और हेलीकॉप्टर देखकर ही लौटेंगे। चार बजे तक हेलीकॉप्टर नहीं आया तो मेले में निराशा छा गई। जिला पंचायत की ओर से बुकिंग कराने के लिए अक्षय के अकाउंट से पैसा ट्रांसफर किया गया था। समय पर हेलीकॉप्टर नहीं पहुंचने और प्रिंस चौधरी की बुकिंग भी कर लेने पर पुलिस को तहरीर दे दी गई। जिस पर प्रभु हैली सर्विस ने दो लाख दस हजार रुपये अक्षय के खाते में वापस कर दिए। प्रिंस चौधरी के देहरादून से सवार होने का हवाला देते हुए अभी नहीं लौटाया गया है।
यह था विवाद
जिला पंचायत ने करीब दो लाख रुपये में नोएडा प्रभु हैली सर्विस कंपनी में बुकिंग कर दी। प्रशासन की ओर से पुष्प वर्षा के लिए प्रभु एविएशन कंपनी को अनुमति भी दे दी गई। मौसम की खराबी के चलते नोएडा से हेलीकॉप्टर उड़ नहीं पाया। प्रभु हेली सर्विस कंपनी ने जिला पंचायत अधिकारियों को बताया कि उन्होंने देहरादून की आर्यन एविएशन को बुकिंग ट्रांसफर कर दी। इस कंपनी का हेलीकॉप्टर करीब तीन बजे बिजनौर की पुलिस लाइन में उतरा तो उसमें पहले से ही भाजपा नेता प्रिंस चौधरी बैठे थे और उन्होंने दावा किया कि वह इसे बुक करके लाए हैं। इस पर तकनीकी पेंच फंस गया। उतरने की अनुमति जिला पंचायत के पास थी और हेलीकॉटर की बुकिंग रसीद प्रिंस चौधरी के पास। जिला पंचायत अध्यक्ष और प्रिंस चौधरी में से पुष्पवर्षा कौन करेगा, इस विवाद का समाधान नहीं हो पाया।
चार सीओ और पांच थाना इंचार्ज देते रहे पहरा
बिजनौर। हेलीकॉप्टर की सुरक्षा में लगी पुलिस गार्द और अधिकारियों के वेतन का दो दिन का खर्च का तीन लाख 75 हजार का बिल बना। सुबह से ही हेलीकॉप्टर ले जाने की जल्दी में कंपनी और पायलट लगे हुए थे, लेकिन पुलिस लाइन के प्रतिसार निरीक्षक पहले रकम जमा कराने की बात कही। आखिरकार आर्यन एविएशन को रकम जमा करनी पड़ी।
पुलिस लाइन में खड़े हेलीकॉप्टर की सुरक्षा में चार सीओ और पांच थाना इंचार्ज पुलिस बल के साथ पहरा देते रहे। पुलिस बल को हेलीकॉप्टर के चारों ओर तैनात किया गया था। प्रतिसार निरीक्षक शिव बालक वर्मा ने बताया कि हेलीकॉप्टर की कीमत करोड़ों में होती है, अगर कोई कमी आ जाती तो सुरक्षा पर सवाल उठ जाते। ऐसे में रातभर सुरक्षा करनी पड़ी। संवाद
शाम ढल जाने की वजह से शुक्रवार को हेलीकॉप्टर नहीं उड़ पाया था। रातभर सुरक्षा में पुलिस फोर्स तैनात की गई। शनिवार को मौसम खराब होने की वजह से दोपहर तक नहीं उड़ा सका। सुरक्षा में लगी पुलिस गार्द और हेपीपैड का खर्च हेलीकॉप्टर कंपनी वाले पौने चार लाख जमा कराकर गए हैं।
-डॉ. धर्मवीर सिंह, एसपी
पुष्पवर्षा में अड़ंगे का विलेन कौन, पूछ रहे लोग
– दिनभर सोशल मीडिया पर छाया रहा पुष्प वर्षा के विवाद का मुद्दा
बिजनौर। कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान मेले में तैयारी के बाद भी पुष्पवर्षा नहीं हो सकी। पुष्पवर्षा में अड़ंगे का विलेन कौन है, यह लोग पूछ रहे हैं। सोशल मीडिया पर दिनभर ये मुद्दा छाया और लोग अपनी अपनी प्रतिक्रिया देते रहे।
बिजनौर के इतिहास में पहली बार किया गया हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा का प्रयास परवान नहीं चढ़ पाया।
कुंभ में, कांवड़ यात्रा में और अन्य जगहों पर पुष्प वर्षा होती रही है। बिजनौर में भी तिगरी गंगा स्नान मेला और कुंभ की तर्ज पर पुष्प वर्षा कराने की योजना पहली बार बनी। जिला पंचायत ने प्रयास करते हुए रात में बुकिंग कर दी। प्रशासन से अनुमति ली गई। अनुमति में पुलिस लाइन में लैंडिंग और विदुर कुटी मेले में पुष्प वर्षा का जिक्र था। पुष्पवर्षा नहीं होने का घटनाक्रम सोशल मीडिया पर छाया रहा। लोग अपनी अपनी प्रतिक्रिया देते रहे। सवाल यही दौड़ता रहा कि पुष्पवर्षा नहीं होने का विलेन कौन है। संवाद
एक बुकिंग की रकम लौटाई, दूसरी पर फंसा पेंच
जिला पंचायत की ओर से बुकिंग कराने के लिए अक्षय के अकाउंट से पैसा ट्रांसफर किया गया था। समय पर हेलीकॉप्टर नहीं पहुंचने और प्रिंस चौधरी की बुकिंग भी कर लेने पर पुलिस को तहरीर दे दी गई। जिस पर प्रभु हेली सर्विस ने दो लाख दस हजार रुपये अक्षय के खाते में वापस कर दिए। उधर प्रिंस चौधरी के देहरादून से सवार होने का हवाला देते हुए अभी नहीं लौटाया गया है।
दोनों नेताओं की ओर से दी गई तहरीर
हेलीकॉप्टर मामले में पुष्पवर्षा तो नहीं हो सकी, लेकिन इसके बाद दोनों पक्ष डैमेज कंट्रोल में लग गए। पूरा मामला हेलीकॉप्टर कंपनी की ओर मुड़ गया। जिला पंचायत की ओर से विवेक ने और दूसरी तरफ प्रिंस चौधरी ने हेलीकॉप्टर बुकिंग करने वाली कंपनी के खिलाफ धोखाधड़ी की तहरीर दी।

रातभर रस्से से बंधा खड़ा रहा हेलीकॉप्टर

बिजनौर। कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान मेले में पुष्पवर्षा के लिए आए हेलीकॉप्टर को पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया और रात में ही उसमें रस्सी बांध दी गई और बैटरी निकाल ली गई। करीब 25 घंटे तक पुलिस लाइन में खड़ा रहा। पुलिस महकमे ने एवियशन कंपनी से 3.75 लाख रुपये सुरक्षा में लगी पुलिस फोर्स के खर्च के तौर पर वसूले, उसके बाद हेलीकॉप्टर शनिवार को 3:59 बजे हेलीकॉप्टर ने उड़ान भर पाया।

यह हेलीकॉप्टर शुक्रवार को करीब तीन बजे बिजनौर पुलिस लाइन में उतरा था। बिजनौर के हवाई क्षेत्र में उड़ान की अनुमति नहीं होने के कारण इसे खड़ा कर दिया गया था। 25 घंटे तक पुलिस लाइन में हेलीकॉप्टर खड़ा रहा। जिला पंचायत ने घोषणा की थी कि गंगा स्नान मेले में श्रद्धालुओं पर हेलीकॉप्टर के पुष्पवर्षा की जाए जाएगी। शुक्रवार को सुबह से ही गंगा स्नान मेेले में पुष्पवर्षा किए जाने का इंतजार हो रहा था। तमाम लोग इस वजह से रुक गए थे कि पुष्पवर्षा और हेलीकॉप्टर देखकर ही लौटेंगे। चार बजे तक हेलीकॉप्टर नहीं आया तो मेले में निराशा छा गई। जिला पंचायत की ओर से बुकिंग कराने के लिए अक्षय के अकाउंट से पैसा ट्रांसफर किया गया था। समय पर हेलीकॉप्टर नहीं पहुंचने और प्रिंस चौधरी की बुकिंग भी कर लेने पर पुलिस को तहरीर दे दी गई। जिस पर प्रभु हैली सर्विस ने दो लाख दस हजार रुपये अक्षय के खाते में वापस कर दिए। प्रिंस चौधरी के देहरादून से सवार होने का हवाला देते हुए अभी नहीं लौटाया गया है।

यह था विवाद

जिला पंचायत ने करीब दो लाख रुपये में नोएडा प्रभु हैली सर्विस कंपनी में बुकिंग कर दी। प्रशासन की ओर से पुष्प वर्षा के लिए प्रभु एविएशन कंपनी को अनुमति भी दे दी गई। मौसम की खराबी के चलते नोएडा से हेलीकॉप्टर उड़ नहीं पाया। प्रभु हेली सर्विस कंपनी ने जिला पंचायत अधिकारियों को बताया कि उन्होंने देहरादून की आर्यन एविएशन को बुकिंग ट्रांसफर कर दी। इस कंपनी का हेलीकॉप्टर करीब तीन बजे बिजनौर की पुलिस लाइन में उतरा तो उसमें पहले से ही भाजपा नेता प्रिंस चौधरी बैठे थे और उन्होंने दावा किया कि वह इसे बुक करके लाए हैं। इस पर तकनीकी पेंच फंस गया। उतरने की अनुमति जिला पंचायत के पास थी और हेलीकॉटर की बुकिंग रसीद प्रिंस चौधरी के पास। जिला पंचायत अध्यक्ष और प्रिंस चौधरी में से पुष्पवर्षा कौन करेगा, इस विवाद का समाधान नहीं हो पाया।

चार सीओ और पांच थाना इंचार्ज देते रहे पहरा

बिजनौर। हेलीकॉप्टर की सुरक्षा में लगी पुलिस गार्द और अधिकारियों के वेतन का दो दिन का खर्च का तीन लाख 75 हजार का बिल बना। सुबह से ही हेलीकॉप्टर ले जाने की जल्दी में कंपनी और पायलट लगे हुए थे, लेकिन पुलिस लाइन के प्रतिसार निरीक्षक पहले रकम जमा कराने की बात कही। आखिरकार आर्यन एविएशन को रकम जमा करनी पड़ी।

पुलिस लाइन में खड़े हेलीकॉप्टर की सुरक्षा में चार सीओ और पांच थाना इंचार्ज पुलिस बल के साथ पहरा देते रहे। पुलिस बल को हेलीकॉप्टर के चारों ओर तैनात किया गया था। प्रतिसार निरीक्षक शिव बालक वर्मा ने बताया कि हेलीकॉप्टर की कीमत करोड़ों में होती है, अगर कोई कमी आ जाती तो सुरक्षा पर सवाल उठ जाते। ऐसे में रातभर सुरक्षा करनी पड़ी। संवाद

शाम ढल जाने की वजह से शुक्रवार को हेलीकॉप्टर नहीं उड़ पाया था। रातभर सुरक्षा में पुलिस फोर्स तैनात की गई। शनिवार को मौसम खराब होने की वजह से दोपहर तक नहीं उड़ा सका। सुरक्षा में लगी पुलिस गार्द और हेपीपैड का खर्च हेलीकॉप्टर कंपनी वाले पौने चार लाख जमा कराकर गए हैं।

-डॉ. धर्मवीर सिंह, एसपी

पुष्पवर्षा में अड़ंगे का विलेन कौन, पूछ रहे लोग

– दिनभर सोशल मीडिया पर छाया रहा पुष्प वर्षा के विवाद का मुद्दा

बिजनौर। कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान मेले में तैयारी के बाद भी पुष्पवर्षा नहीं हो सकी। पुष्पवर्षा में अड़ंगे का विलेन कौन है, यह लोग पूछ रहे हैं। सोशल मीडिया पर दिनभर ये मुद्दा छाया और लोग अपनी अपनी प्रतिक्रिया देते रहे।

बिजनौर के इतिहास में पहली बार किया गया हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा का प्रयास परवान नहीं चढ़ पाया।

कुंभ में, कांवड़ यात्रा में और अन्य जगहों पर पुष्प वर्षा होती रही है। बिजनौर में भी तिगरी गंगा स्नान मेला और कुंभ की तर्ज पर पुष्प वर्षा कराने की योजना पहली बार बनी। जिला पंचायत ने प्रयास करते हुए रात में बुकिंग कर दी। प्रशासन से अनुमति ली गई। अनुमति में पुलिस लाइन में लैंडिंग और विदुर कुटी मेले में पुष्प वर्षा का जिक्र था। पुष्पवर्षा नहीं होने का घटनाक्रम सोशल मीडिया पर छाया रहा। लोग अपनी अपनी प्रतिक्रिया देते रहे। सवाल यही दौड़ता रहा कि पुष्पवर्षा नहीं होने का विलेन कौन है। संवाद

एक बुकिंग की रकम लौटाई, दूसरी पर फंसा पेंच

जिला पंचायत की ओर से बुकिंग कराने के लिए अक्षय के अकाउंट से पैसा ट्रांसफर किया गया था। समय पर हेलीकॉप्टर नहीं पहुंचने और प्रिंस चौधरी की बुकिंग भी कर लेने पर पुलिस को तहरीर दे दी गई। जिस पर प्रभु हेली सर्विस ने दो लाख दस हजार रुपये अक्षय के खाते में वापस कर दिए। उधर प्रिंस चौधरी के देहरादून से सवार होने का हवाला देते हुए अभी नहीं लौटाया गया है।

दोनों नेताओं की ओर से दी गई तहरीर

हेलीकॉप्टर मामले में पुष्पवर्षा तो नहीं हो सकी, लेकिन इसके बाद दोनों पक्ष डैमेज कंट्रोल में लग गए। पूरा मामला हेलीकॉप्टर कंपनी की ओर मुड़ गया। जिला पंचायत की ओर से विवेक ने और दूसरी तरफ प्रिंस चौधरी ने हेलीकॉप्टर बुकिंग करने वाली कंपनी के खिलाफ धोखाधड़ी की तहरीर दी।



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Up Tet Paper Leak Case: The Government Has Sought The Records Of The Accused From The Stf And The Property May Be Confiscated – टीईटी पेपर लीक प्रकरण : शासन ने एसटीएफ से मांगा गिरफ्तार आरोपियों का रिकॉर्ड, संपत्ति जब्त करने की तैयारी

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अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
Published by: कपिल kapil
Updated Fri, 03 Dec 2021 12:44 PM IST

सार

टीईटी पेपर लीक मामले में शासन ने एसटीएफ से गिरफ्तार पांचों आरोपियों का रिकॉर्ड मांगा है। बताया जा रहा है कि जल्द ही इन आरोपियों की संपत्ति जब्त की जा सकती है।

गिरफ्तार तीनों आरोपी।
– फोटो : amar ujala

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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपी टीईटी) पेपर लीक प्रकरण में आरोपियों की संपत्ति का रिकॉर्ड शासन ने एसटीएफ से मांगा है। एसटीएफ मेरठ ने पांच आरोपियों का रिकॉर्ड खंगाला है।

एसटीएफ की कई जिलों में चल रही दबिश

एसटीएफ मेरठ ने रविवार को टीईटी की परीक्षा शुरू होने से पहले शामली से तीन आरोपी मनीष उर्फ मोनू, रवि उर्फ बंटी और धर्मेंद्र को गिरफ्तार किया था। रवि ने पूछताछ में बड़ौत के छछरपुर गांव निवासी राहुल और अलीगढ़ के गौरव मलान का नाम बताया। एसटीएफ ने ही इन पांचों को गिरफ्तार किया। ये लोग शामली से ही जेल भेजे गए। इसके अलावा एसटीएफ की अलीगढ़, मथुरा में दबिश चल रही है। एसटीएफ का कहना है कि शिक्षक निर्दोष चौधरी को पुलिस ढूंढ रही है।

यह भी पढ़ें: व्यापारी की मौत का मामला: तेजी से वायरल हो रहा ऑडियो, बहनोई ने पत्नी को लेकर खोला ये बड़ा राज
 

एसटीएफ से मांगा आरोपियों का रिकॉर्ड

अब एसटीएफ से आरोपियों का रिकॉर्ड मांगा जा रहा है, ताकि उनकी संपत्ति की जानकारी मिल सके। बताया गया कि आरोपियों की संपत्ति पुलिस जब्त करने की तैयारी में है। इससे पहले भी ये लोग नकल कराने, सॉल्वर गैंग या अन्य अपराध में शामिल रहे हैं या नहीं, इसकी जानकारी शामली, बड़ौत, अलीगढ़ से जुटाई जा रही है। 

यह भी पढ़ें: अडानी समूह बनाएगा गंगा एक्सप्रेसवे : अमरोहा से प्रयागराज तक मिला तीन चरणों का काम 

सीओ एसटीएफ बृजेश सिंह का कहना है कि कई आरोपी के खिलाफ महत्वपूर्ण जानकारी मिली है। पांचों आरोपियों पर गैंगस्टर लगाने की तैयारी है।

विस्तार

उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपी टीईटी) पेपर लीक प्रकरण में आरोपियों की संपत्ति का रिकॉर्ड शासन ने एसटीएफ से मांगा है। एसटीएफ मेरठ ने पांच आरोपियों का रिकॉर्ड खंगाला है।

एसटीएफ की कई जिलों में चल रही दबिश

एसटीएफ मेरठ ने रविवार को टीईटी की परीक्षा शुरू होने से पहले शामली से तीन आरोपी मनीष उर्फ मोनू, रवि उर्फ बंटी और धर्मेंद्र को गिरफ्तार किया था। रवि ने पूछताछ में बड़ौत के छछरपुर गांव निवासी राहुल और अलीगढ़ के गौरव मलान का नाम बताया। एसटीएफ ने ही इन पांचों को गिरफ्तार किया। ये लोग शामली से ही जेल भेजे गए। इसके अलावा एसटीएफ की अलीगढ़, मथुरा में दबिश चल रही है। एसटीएफ का कहना है कि शिक्षक निर्दोष चौधरी को पुलिस ढूंढ रही है।

यह भी पढ़ें: व्यापारी की मौत का मामला: तेजी से वायरल हो रहा ऑडियो, बहनोई ने पत्नी को लेकर खोला ये बड़ा राज

 

एसटीएफ से मांगा आरोपियों का रिकॉर्ड

अब एसटीएफ से आरोपियों का रिकॉर्ड मांगा जा रहा है, ताकि उनकी संपत्ति की जानकारी मिल सके। बताया गया कि आरोपियों की संपत्ति पुलिस जब्त करने की तैयारी में है। इससे पहले भी ये लोग नकल कराने, सॉल्वर गैंग या अन्य अपराध में शामिल रहे हैं या नहीं, इसकी जानकारी शामली, बड़ौत, अलीगढ़ से जुटाई जा रही है। 

यह भी पढ़ें: अडानी समूह बनाएगा गंगा एक्सप्रेसवे : अमरोहा से प्रयागराज तक मिला तीन चरणों का काम 

सीओ एसटीएफ बृजेश सिंह का कहना है कि कई आरोपी के खिलाफ महत्वपूर्ण जानकारी मिली है। पांचों आरोपियों पर गैंगस्टर लगाने की तैयारी है।



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Delhi-meerut Expressway: Fee Plaza Will Start In A Week, Transport Ministry Has Given Permission For Fee At Seven Places – दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे : एक सप्ताह में शुरू हो जाएगा शुल्क प्लाजा, परिवहन मंत्रालय ने सात स्थानों पर शुल्क के लिए दी अनुमति

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न्यूज डेस्क अमर उजाला, मेरठ
Published by: Dimple Sirohi
Updated Wed, 01 Dec 2021 12:49 AM IST

सार

परिवहन मंत्रालय ने सात स्थानों पर शुल्क प्लाजा के लिए मंजूरी दे दी है। बुधवार या गुरुवार को एनएचएआई शुल्क की दरें जारी कर देगी। सात महीनों से दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर फर्राटा भर रहे वाहनों को अब शुल्क देना होगा।

दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे।
– फोटो : amar ujala

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सात महीनों से दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर फर्राटा भर रहे वाहनों को अब शुल्क देना होगा। एक सप्ताह में शुल्क वसूली शुरू कर दी जाएगी। परिवहन मंत्रालय ने सात स्थानों पर शुल्क प्लाजा के लिए मंजूरी दे दी है। बुधवार या गुरुवार को एनएचएआई शुल्क की दरें जारी कर देगी। एक्सप्रेस वे पर सरायकाले खां, इंदिरापुरम, डूंडाहेड़ा, डासना, रसूलपुर सिकरोड, भोजपुर, काशी पर शुल्क लिया जाएगा। इसके लिए किलोमीटर के अनुसार परिवहन विभाग ने अनुमति दी है। 

एक्सप्रेसवे पर मेरठ से दिल्ली की ओर यात्रा करने पर काशी शुल्क प्लाजा से प्रवेश करने के बाद छह निकासी द्वार मिलेंगे। पहला भोजपुर, दूसरा रसूलपुर सिकरोड, तीसरा डासना, चौथा डूंडाहेड़ा, पांचवां इंदिरापुरम, छठा सरायकाले खां होगा। अप्रैल में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे की औपचारिक शुरुआत की गई थी।

यह भी पढ़ें : मेरठ:  स्क्रैप व्यापारी का घर में मिला शव, बदबू आने पर पड़ोसियों ने आगरा में परिजनों को दी सूचना 

एक्सप्रेसवे पर काशी शुल्क प्लाजा पर पाथवे कंपनी को जिम्मेदारी दी गई है। कंपनी ने शुल्क प्लाजा पर तैयारियों को पूरा कर लिया है। फास्टैग से चलने वाली प्रक्रिया के बावजूद कर्मचारियों की ड्यूटी तय की गई है, जिससे शुरुआत में वाहन चालकों को दिक्कतें न हों। 

अगले महीने होगा औपचारिक लोकार्पण
वहीं, शुल्क प्लाजा शुरू होने के बाद एनएचएआई की ओर से औपचारिक लोकार्पण की तैयारियां भी शुरू हो जाएंगी। दिसंबर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मेरठ दौरा प्रस्तावित है। प्रधानमंत्री मेरठ को कई बड़े प्रोजेक्ट की सौगात दे सकते हैं। इसमें दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे का लोकार्पण, गंगा एक्सप्रेसवे का शिलान्यास, खेल विवि का शिलान्यास आदि प्रोजेक्ट की सौगात मिलने जा रही है।

विस्तार

सात महीनों से दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर फर्राटा भर रहे वाहनों को अब शुल्क देना होगा। एक सप्ताह में शुल्क वसूली शुरू कर दी जाएगी। परिवहन मंत्रालय ने सात स्थानों पर शुल्क प्लाजा के लिए मंजूरी दे दी है। बुधवार या गुरुवार को एनएचएआई शुल्क की दरें जारी कर देगी। एक्सप्रेस वे पर सरायकाले खां, इंदिरापुरम, डूंडाहेड़ा, डासना, रसूलपुर सिकरोड, भोजपुर, काशी पर शुल्क लिया जाएगा। इसके लिए किलोमीटर के अनुसार परिवहन विभाग ने अनुमति दी है। 

एक्सप्रेसवे पर मेरठ से दिल्ली की ओर यात्रा करने पर काशी शुल्क प्लाजा से प्रवेश करने के बाद छह निकासी द्वार मिलेंगे। पहला भोजपुर, दूसरा रसूलपुर सिकरोड, तीसरा डासना, चौथा डूंडाहेड़ा, पांचवां इंदिरापुरम, छठा सरायकाले खां होगा। अप्रैल में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे की औपचारिक शुरुआत की गई थी।

यह भी पढ़ें : मेरठ:  स्क्रैप व्यापारी का घर में मिला शव, बदबू आने पर पड़ोसियों ने आगरा में परिजनों को दी सूचना 

एक्सप्रेसवे पर काशी शुल्क प्लाजा पर पाथवे कंपनी को जिम्मेदारी दी गई है। कंपनी ने शुल्क प्लाजा पर तैयारियों को पूरा कर लिया है। फास्टैग से चलने वाली प्रक्रिया के बावजूद कर्मचारियों की ड्यूटी तय की गई है, जिससे शुरुआत में वाहन चालकों को दिक्कतें न हों। 

अगले महीने होगा औपचारिक लोकार्पण

वहीं, शुल्क प्लाजा शुरू होने के बाद एनएचएआई की ओर से औपचारिक लोकार्पण की तैयारियां भी शुरू हो जाएंगी। दिसंबर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मेरठ दौरा प्रस्तावित है। प्रधानमंत्री मेरठ को कई बड़े प्रोजेक्ट की सौगात दे सकते हैं। इसमें दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे का लोकार्पण, गंगा एक्सप्रेसवे का शिलान्यास, खेल विवि का शिलान्यास आदि प्रोजेक्ट की सौगात मिलने जा रही है।



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Amar Ujala Samwad: Discussion With Minister Dinesh Khatik On The Development Of Mission, Employment And Mandal Today – अमर उजाला संवाद: मंत्री दिनेश खटीक के साथ मिशन रोजगार एवं मंडल के विकास पर चर्चा आज

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न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
Published by: Dimple Sirohi
Updated Mon, 29 Nov 2021 12:40 PM IST

सार

अमर उजाला के संवाद कार्यक्रम में सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण मंत्री दिनेश खटीक के साथ मिशन रोजगार एवं मंडल विकास पर चौधरी चरणसिंह विश्वविद्यालय के बृहस्पति भवन में चर्चा आयोजित की जाएगी। 

अमर उजाला संवाद
– फोटो : अमर उजाला

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मेरठ अमर उजाला के संवाद कार्यक्रम के तहत, मिशन रोजगार एवं मंडल को विकास, पर सोमवार को चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के बृहस्पति भवन में चर्चा होगी। कार्यक्रम का शुभारंभ दोपहर डेढ़ बजे होगा। मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश के सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण मंत्री दिनेश खटीक होंगे

संवाद कार्यक्रम में मेरठ के जनप्रतिनिधि, भाजपा जिलाध्यक्ष, महानगर अध्यक्ष शामिल होंगे। कमिश्नर सुरेंद्र सिंह और जिलाधिकारी के. बालाजी विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे।  

संवाद में मेरठ मंडल में साढ़े चार साल में हुए प्रमुख विकास कार्यों, लाभपरक योजनाओं से अवगत कराया जाएगा। 

अतिथि मेरठ के साथ मंडल के अन्य जिलों में चल रहीं मुख्य योजनाओं के बारे में जानकारी देंगे। कार्यक्रम में विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों से भी संवाद स्थापित होगा। अन्य समस्याओं पर भी चर्चा की जाएगी। 

विस्तार

मेरठ अमर उजाला के संवाद कार्यक्रम के तहत, मिशन रोजगार एवं मंडल को विकास, पर सोमवार को चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के बृहस्पति भवन में चर्चा होगी। कार्यक्रम का शुभारंभ दोपहर डेढ़ बजे होगा। मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश के सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण मंत्री दिनेश खटीक होंगे

संवाद कार्यक्रम में मेरठ के जनप्रतिनिधि, भाजपा जिलाध्यक्ष, महानगर अध्यक्ष शामिल होंगे। कमिश्नर सुरेंद्र सिंह और जिलाधिकारी के. बालाजी विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे।  

संवाद में मेरठ मंडल में साढ़े चार साल में हुए प्रमुख विकास कार्यों, लाभपरक योजनाओं से अवगत कराया जाएगा। 

अतिथि मेरठ के साथ मंडल के अन्य जिलों में चल रहीं मुख्य योजनाओं के बारे में जानकारी देंगे। कार्यक्रम में विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों से भी संवाद स्थापित होगा। अन्य समस्याओं पर भी चर्चा की जाएगी। 



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